संवाददाता पूर्वांचल एक्सप्रेस न्यूज़
*हरहुआ*।सफलता प्राप्त करने के लिए लक्ष्य निर्धारित करके कार्य करना सबसे जरूरी होता है उक्त बातें जिला ग्राम्य विकास संस्थान परमानंदपुर में उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन अंतर्गत मॉडल संकुल स्तरीय संघ का विजनिंग मॉड्यूल-2 (MCLF V-2) विषय पर चल रहे तीन दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण सत्र के समापन अवसर पर प्रशिक्षुओं को सम्बोधित करते हुए जिला प्रशिक्षण अधिकारी विमल कुमार सिंह ने कही।
उन्होंने कहा कि यदि हमें सफलता प्राप्त करनी है तो हम किसी भी कार्य को करने के लिए सबसे पहले उसकी प्राथमिकता तय कर लें और एक निश्चित उद्देश्य की प्राप्ति के लिए लक्ष्य निर्धारित करके उस दिशा में कार्य करें।
प्रशिक्षण कार्यक्रम के इन तीन दिवसों में डीआरपी सुरेश पाण्डेय व नीलू श्रीवास्तव द्वारा प्रशिक्षुओं को तीन दिवसों में विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से उनके सीएलएफ के प्रस्तावित दृष्टि वाक्य का निर्धारण कराया गया जिसके अंतर्गत विकास खंड पिंडरा के उन्नति सीएलएफ ने तय किया कि उन्नति आजीविका प्रेरणा महिला संकुल संघ का है सपना, सशक्त दीदी, खुशहाल परिवार, आदर्श गांव हो अपना। इसी के साथ सीएलएफ की दीदियों ने अपने-अपने ग्राम संगठन से आए हुए आयामों पर सामुदायिक सहभागिता के आधार पर सीएलएफ की प्राथमिकताओं को तय किया जिसके अन्तर्गत उच्च प्राथमिकता वाले कार्यों में संगठन की मजबूती और आजीविका को रखा। इसी कड़ी में दल बल गतिविधि के अंतर्गत गुब्बारे का खेल के माध्यम से लक्ष्य निर्धारित करने के महत्व को जाना तथा दिमाग के बोतल को दूर करने का खेल के माध्यम से परिवर्तन को प्रभावित करने वाले आंतरिक और बाह्य कारकों को समझा।
समापन अवसर पर सत्र प्रभारी संजय कुमार द्वारा सभी प्रशिक्षुओं एवं अतिथियों का धन्यवाद ज्ञापित किया गया।
इस अवसर पर सुरेश तिवारी, नीरज कुमार, अजीत कुमार, अनुपमा, मीना, जानकी सिंह, मनीषा, मनोरमा, चंचल सिंह, रेखा, राधिका, नसीमा बेगम, माधुरी, सितारा, मीरा पाल, रीता, माला, निर्मला, कुसुम, सरोज, शारदा, प्रेमा, साधना, रीना, शीला, मंजू देवी नीतू भारती आदि सहित 44 प्रतिभागियों की उपस्थिति रही।
प्रशिक्षण कार्यक्रम के अन्त में सभी प्रतिभागियों को सर्टिफिकेट व ग्रुपफोटो वितरित सत्र का समापन किया गया।