संवाददाता पूर्वांचल एक्सप्रेस न्यूज़
वाराणसी, 17 मार्च: सुधार और पुनर्वास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, वाराणसी सेंट्रल जेल में एक कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना की गई। इस पहल का नेतृत्व "मेकिंग द डिफरेंस फाउंडेशन" संस्था के अध्यक्ष दीपक विश्वकर्मा और सचिव प्रिंस चौबे ने किया। इस कार्यक्रम का आयोजन वरिष्ठ अधीक्षक आर.के. मिश्रा की देखरेख में हुआ।इस प्रशिक्षण केंद्र का उद्देश्य कैदियों को तकनीकी शिक्षा से जोड़ना और उनके पुनर्वास की संभावनाओं को बढ़ाना है। प्रशिक्षण केंद्र में मौलिक कंप्यूटर ज्ञान,टाइपिंग,डेटा एंट्री और अन्य तकनीकी कौशल सिखाए जाएंगे, जिससे कैदी जेल से रिहा होने के बाद समाज में रोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त कर सकें।
वरिष्ठ अधीक्षक आर.के. मिश्रा का बयान:"कैदियों का सुधार और पुनर्वास हमारी प्राथमिकता है। इस कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना से कैदियों को नई तकनीकों से अवगत कराया जाएगा, जिससे उन्हें आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलेगा। यह पहल निश्चित रूप से एक सकारात्मक बदलाव लाएगी।"दीपक विश्वकर्मा, अध्यक्ष, मेकिंग द डिफरेंस:"हमारा उद्देश्य समाज में बदलाव लाना है। इस प्रशिक्षण केंद्र से कैदियों को नई दिशा मिलेगी और वे भविष्य में रोजगार के अवसरों को तलाश सकेंगे। हम आगे भी इस तरह की पहलों को बढ़ावा देते रहेंगे।"
प्रिंस चौबे,सचिव,मेकिंग द डिफरेंस:"तकनीकी शिक्षा आज के समय की आवश्यकता है। यह प्रशिक्षण केंद्र कैदियों के जीवन में नई रोशनी लाएगा और उनके पुनर्वास में मदद करेगा।"
इस पहल की जेल प्रशासन और सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा सराहना की जा रही है। आने वाले समय में इस तरह की और पहलें कैदियों के सुधार के लिए की जाएंगी। कार्यक्रम में जेलर वीरेंद्र वर्मा डिप्टी जेल और अमित वर्मा संस्था के दिनेश विश्वकर्मा धर्मेंद्र राजभर अनिल विश्वकर्मा राजू विश्वकर्मा सहित अन्य लोग मौजूद रहे