संवाददाता पूर्वांचल एक्सप्रेस न्यूज़
दानगंज/वाराणसी-फसलों की कटाई के पश्चात फसल अवशेषों को किसान न जलाएं बल्कि पराली प्रबंधन के यंत्रों का प्रयोग करके फसल अवशेषों को मिट्टी में मिला दें।ऐसा करने से फसल अवशेष जमीन में सड़कर मिट्टी में जीवांश की मात्रा को बढ़ायेंगे जिससे उत्पादन में वृद्धि होगी।उक्त सलाह अजगरा विधायक त्रिभुवन राम ने मंगलवार को कटारी के रामलीला मैदान में कृषि विभाग एवं इश एग्रीटेक के संयुक्त तत्वावधान मे आयोजित जैविक किसान मेला में उपस्थित किसानों को दी।बतौर मुख्य अतिथि कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए उन्होंने किसानों से खेतों में पराली न जलाने की अपील की।अर्पित सिंह एवं प्रवीण नागर ने किसानों को जैविक खेती पर विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की
उप कृषि निदेशक अखिलेश कुमार सिंह के निर्देशन में आयोजित जैविक किसान मेले में नमामि गंगे के प्रोजेक्ट स्वामी शरण कुशवाहा ने जैविक उत्पादों की ग्रेडिंग, पैकेजिंग,ब्रांडिंग एवं विपणन पर विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की। प्रगतिशील कृषक फौजदार यादव ने किसानों के समक्ष जैविक खेती की सफलता की कहानी सुनाते हुए उन्हें जैविक खेती के लिए प्रोत्साहित किया।कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए पूर्व ब्लाक प्रमुख त्रिभुवन नारायण सिंह किसानों से जैविक खेती अपनाने की अपील की।इस दौरान सहायक विकास अधिकारी (कृषि) केशव प्रसाद यादव, एफपीओ के संचालक शैलेंद्र कुमार रघुवंशी प्रधान संघ अध्यक्ष रामसूरत यादव,मनीष चौहान,शैलेंद्र सिंह,सिकंदर मौर्य,बिजेंद्र,मुकेश,रविशंकर गिरी ,जगदीश,मनोज सहित भारी संख्या में किसान उपस्थित रहे।