अभिषेक गुप्ता की ग्राउंड रिपोर्ट
वाराणसी ऐसे ही गंगा जमुनी तहजीब का शहर नहीं कहा जाता है दशाश्वमेध खोवा गली ठठेरी बाजार बंगाली टोला आदि जगह मस्जिद देखी जा सकती हैं वाराणसी भाईचारे का शहर है भारत के उस्ताद बिस्मिल्लाह खान पंचगंगा घाट स्थित बालाजी मंदिर में बैठकर शहनाई कर जांच किया करते थे