अतुल राय की खास रिपोर्ट
सरस्वती के प्रांगण में नवरात्र पर्व पर छात्राओं ने आदि शक्ति दुर्गा के अष्ट रूप के साथ किया रामलीला मंचन।
*रावण की सीख व दशानन बध का मंचन कर समाज के दुष्टों के नाश का किया प्रदर्शन।
हरहुआ। नवरात्र पर्व पर माँ दुर्गा की नियमित पूजा आराधना की परम्परा में उनके अष्ट रूपों के दर्शन और उनकी अखंड शक्ति के बल पर जीत और कष्टों के हरण व मंगल की कामना को साक्षात दर्शन व दुष्ट रावण के वध का रामलीला प्रस्तुति राजेश्वरी बालिका इंटर कालेज बैजलपट्टी हरहुआ की छात्राओं ने मंचन कर आज सोमवार को प्रेरणादायी सन्देश दिया। राधा-कृष्ण मंदिर रामेश्वर के महंत राममूर्ति दास उर्फ मद्रासी बाबा के कुशल नेतृत्व प्रबंधक कौशलेंद्र नारायण सिंह के संयोजकत्व व अशोक सिंह के निर्देशन में अष्टमी पर्व पर यह सराहनीय मंचन सम्पन्न हुआ। महंत मद्रासी बाबा ने उक्त अवसर पर छत्राओं/छात्रों को सम्बोधित करते हुए कहा कि समाज सदैव दुष्टों से विखंडित होती रही है।हर युग मे यह देखने को मिलता रहा। आज समाज मे बेटियां सुरक्षित नहीं रहीं,दरिंदे हवस के लिए नित ताना-बाना बुनते हैं ऐसे में आज की छात्राएं नारी शक्ति का एहसास कराने,दुष्टों को सबक सिखाने के लिए कौशल,नई तकनीक,साहस,एकता और प्रहारक व संहारक के रूप में उन्हें सबक सिखाने को तैयार रहें। साथ ही सीता मैया जैसा आचरण जीवन मे उतारने का गुरुतर दायित्व निभाएं। सभी पात्र देवियों का महंत व शिक्षक बंधुओं ने आरती उतारी वहीँ लघु लीला का छात्राओं ने प्रदर्शन किया।
प्रबंधक कौशलेंद्र नारायण सिंह व डॉ0 सीमा सिंह ने कहा कि वैदिक कालीन नारीयों गार्गी,अपाला ने नारी का सम्मान व साहस तथा जीवन में कुछ भी कर पाने की क्षमता का परिचय दिया। विद्वता के बल पर इतिहास में नारी होने के गौरव को गौरवान्वित किया।आज अपनी शिक्षिकाओं /शिक्षकों का सम्मान करते हुए गुण व ज्ञान को ग्रहण करें और जीवन मे उसे अपना शस्त्र व शास्त्र बनाकर ऊंचाइयां हासिल करें। स्कूली बच्चियों का सम्मान करते हुए उन्हें स्कूल की ओर से पुरस्कार प्रदान किया गया। प्रमुख वक्ताओं में डॉ0 सर्वेदेव सिंह,आशीष मिश्र,सन्तोष विश्वकर्मा,जाह्नवी शर्मा,आशा यादव,विमल विश्वकर्मा ने विचार व्यक्त किया।संचालन शिक्षक अशोक कुमार सिंह ने की