पंजीकृतUDYAM-UP-75-0003230 | वाराणसी
Purvanchal Express News
संपर्क करें:
purvanchalexpressn@gmail.com
UDYAM-UP-75-0003230

किताबों की छाया में समाया संसार - डॉ कंचन जैन ||

03 July, 2026  |  03:01 PM
किताबों की छाया में समाया संसार - डॉ कंचन जैन ||

संवाददाता पूर्वांचल एक्सप्रेस न्यूज़

विवेक राय

 

अलीगढ़:- किताबें कलम से पन्नों पर लिखा गया भविष्य हैं किताबें पन्नों पर लिखे गए शब्दों से कहीं अधिक प्रेरणादायक, मनोरंजन, आनंदमय ज्ञानवर्धक यात्रा के स्रोत हैं जो जीवन को सही ढंग से जीवंत रखने का मार्गदर्शन करते हैं किताबें पढ़ने से मनुष्य के भीतर प्रत्येक विषय को लेकर एक सजीव भावना उत्पन्न होती है जिससे वह अपने दृष्टिकोण को स्थापित करता है एवं नवीन विचारों का संग्रह भी करता है | मनुष्य के जीवन में किताबों का महत्व मात्र कागज ऊपर लिखे शब्द नहीं है बल्कि उसकी आत्मज्योति को जागृत करने का माध्यम है जो उसे एक श्रेष्ठ प्राणी बनने में मदद करता है जिस तरह एक दीपक को जलने में उसकी बाती किताबें मनुष्य में रचनात्मकता, व्यवहारिकता एवं नवाचार का निर्माण करती हैं | किताबों से व्यक्ति सीखता है और सीखता है नए विचारों का निर्माण करता है किताबों से व्यक्ति अभ्यास करता है, विरोध करता है परंतु जो भी करता है लिखता है किताबों ने मानव सभ्यता को कलात्मक बनाया, वैज्ञानिक बनाया, रचनात्मक बनाया, विवेकशील बनाया किताबों के पुल पर मनुष्य जितना आगे बड़ा समृद्ध होता चला गया |किताबें हमारी जिज्ञासा को उत्तेजना से भर देती है एक शब्द से हम सृष्टि रचना चाहते हैं किताबों की प्रकृति उसे पौधे की तरह है जिसमें आप जितनी जिज्ञासाएं पानी के रूप में डालेंगे भी आपको उतना ही अच्छा और सकारात्मक परिणाम देंगी | आधुनिकता के बढ़ते कदमों ने हमें नवीन ज्ञान को प्राप्त करना और भी सरल कर दिया है। यह भी किताबों के प्रति जिज्ञासाओं का परिणाम है ||

© 2026 Purvanchal Express News. All Rights Reserved. (UDYAM-UP-75-0003230)